The Strait Hormuz जलडमरूमध्य पार कर भारत पहुंचे LPG Tankers, ऊर्जा आपूर्ति को मिला बड़ा सहारा

The Strait Hormuz पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच भारत के लिए राहत भरी खबर सामने आई है। भारतीय ध्वज वाले दो LPG टैंकर—Jag Vasant और Pine Gas—सफलतापूर्वक रणनीतिक स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को पार कर चुके हैं।

इन जहाजों के जरिए करीब 92,612 मीट्रिक टन LPG भारत लाया जा रहा है, जिससे देश की ऊर्जा आपूर्ति को मजबूती मिलेगी।

भारतीय नाविकों की अहम भूमिका

The Strait Hormuz इन दोनों टैंकरों में कुल मिलाकर 60 भारतीय नाविक (33 और 27) सवार हैं, जिन्होंने संवेदनशील समुद्री मार्ग से सुरक्षित यात्रा सुनिश्चित की।

सरकार के मुताबिक, ये जहाज 26 से 28 मार्च के बीच भारतीय बंदरगाहों पर पहुंच सकते हैं।

खाड़ी से शुरू हुआ सफर

दोनों टैंकरों ने पर्शियन गल्फ से अपनी यात्रा शुरू की और एक साथ चलते हुए होर्मुज जलडमरूमध्य को पार किया।

यह मार्ग दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री रास्तों में से एक है, जहां से तेल, गैस और उर्वरकों की बड़ी मात्रा में आपूर्ति होती है।

22 भारतीय जहाज फंसे थे क्षेत्र में

The Strait Hormuz पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के कारण पहले 22 भारतीय जहाज इस क्षेत्र में फंस गए थे।

हालांकि, इससे पहले भी:

  • MT Shivalik
  • MT Nanda Devi

सुरक्षित भारत पहुंच चुके हैं। इन जहाजों द्वारा लाई गई LPG मात्रा देश की लगभग एक दिन की रसोई गैस खपत के बराबर थी।

सरकार की प्राथमिकता: नाविकों की सुरक्षा

The Strait Hormuz पोर्ट, शिपिंग और जलमार्ग मंत्रालय के विशेष सचिव राजेश कुमार सिन्हा ने कहा कि सरकार का लक्ष्य क्षेत्र में फंसे सभी जहाजों को सुरक्षित निकालना है।

उन्होंने स्पष्ट किया:

  • सभी जहाजों को सुरक्षित मार्ग दिलाना प्राथमिकता
  • नाविकों की सुरक्षा और स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान

PM मोदी का भरोसा: पर्याप्त है तेल और गैस भंडार

The Strait Hormuz इस बीच, नरेंद्र मोदी ने राज्यसभा में कहा कि भारत के पास पर्याप्त कच्चे तेल का भंडार है और आपूर्ति बनाए रखने के लिए मजबूत व्यवस्था की गई है।

मुख्य बिंदु:

  • 53 लाख मीट्रिक टन से अधिक का रणनीतिक पेट्रोलियम भंडार
  • इसे 65 लाख मीट्रिक टन तक बढ़ाने की योजना
  • रिफाइनिंग क्षमता में भी बड़ा विस्तार

क्यों अहम है होर्मुज जलडमरूमध्य ?

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे व्यस्त समुद्री मार्गों में से एक है, जहां से वैश्विक स्तर पर:

  • कच्चा तेल
  • गैस
  • उर्वरक

की बड़ी मात्रा में परिवहन होता है।