MBBS की शिक्षा ”हिंदी माध्यम” में देने वाला पहला राज्य होगा ”मध्यप्रदेश”

MBBS :- मध्यप्रदेश देश का पहला राज्य होगा जो शीघ्र ही चिकित्सा शिक्षा की पढ़ाई हिंदी में करवाएगा। यह बात जिले के प्रभारी मंत्री विश्वास सारंग ने मंगलवार को आंगनबाड़ी कार्यकर्ता प्रशिक्षण शिविर में कही, उन्होंने कहा विश्व के कई देश चिकित्सा के क्षेत्र में टॉप-5 में है और इसका कारण वह मेडिकल की पढ़ाई अपनी मातृभाषा में होती है।

उन्होंने मेडिकल (MBBS) चिकित्सा के फाउंडेशन कोर्स में मूल्य आधारित देश की महान विभूतियों के जीवन पाठ्यक्रम को शामिल कर अध्यापन कार्य पर प्रकाश डाला है। कलेक्टर उमाशंकर भार्गव ने कहा बच्चों का सही निर्माण ही आंगनबाड़ी की प्रथम कड़ी है।

विभागीय अमला सुव्यवस्थित रूप से प्रशिक्षित हो इस लिए कार्यक्रम को विद्या भारती मध्य प्रदेश के विभिन्न पदाधिकारियों ने संबोधित किया। प्रभारी मंत्री सारंग सहित अन्य अतिथियों ने आयोजन स्थल पर राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मार्गदर्शन हेतु तैयार पुस्तिका का विमोचन किया। साथ ही प्रभारी मंत्री ने यूक्रेन से वापस आए विद्यार्थियों से चर्चा की।

वहां की चिकित्सा शिक्षा के प्रबंध रहने-खाने की व्यवस्था के संबंध में जानकारी ली उन्होंने सभी विद्यार्थियों से कहा कि वे संपर्क बनाए रखें। तो वही विद्यार्थियों ने मेडिकल कॉलेज से अध्ययन कार्य के संबंध में अपनी मांग रखी, तो प्रभारी मंत्री ने उन्हें शीघ्र ही शासन स्तर पर निर्णय लेकर इन सुविधाओं से लाभांन्वित कराया जाने का आश्वासन दिया है।

शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रदर्शनी

प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए आशीष मंगल वाटिका में प्रदर्शनी लगाई गई। जिसका शुभारंभ प्रभारी मंत्री विश्वास सारंग ने किया कार्यक्रम में माध्यमिक शिक्षा मंडल भोपाल की उपाध्यक्ष डॉ. रमा मिश्रा, टास्क फोर्स स्कूल शिक्षा विभाग के सदस्य रेखा चुंडासमा के अलावा अन्य जनप्रतिनिधि सदस्य एसपी डॉ. मोनिका शुक्ला तथा महिला बाल विकास विभाग की अधिकारी और कर्मचारी उपस्थित रहे।

कौशल को अफसर

गर्ल्स कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम का संयोजन मानुषी उमाकांत भार्गव एवं पुलिस अधीक्षक डॉ. मोनिका शुक्ला ने किया। भार्गव ने बताया प्रदर्शनी व्यवस्थित दृष्टिकोण और विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत महिलाओं के कौशल को अवसर देने के लिए लगाई गई है। महिला विशेष के सामाजिक कल्याण हेतु श्रजन प्रदर्शनी का आयोजन मानुषी रमाकांत व्यास के निर्देशन में हुआ था। अनुपमा भार्गव टैक्सटाइल डिजाइनिंग के डिजाइन रिसीव किया।